बबेरू/बांदा।मोनी बाबा धाम में भंडारे के दूसरे दिन सांस्कृतिक कार्यक्रम के रूप में हरिश्चंद्र नाटक का मंचन किया गया जिसमें विश्वामित्र के द्वारा अयोध्या नरेश हरिश्चंद्र की परीक्षा लेना हरिश्चंद्र के द्वारा सर्वस्व दान दिया गया हरिश्चंद्र दो के घर रहकर अपने पूर्वजों का रघुवंश का नाम रोशन किया गया। पत्रों में शंकरदत्त ने हरिश्चंद्र का, अमरजीत सिंह ने विश्वामित्र का, देवेंद्र द्विवेदी ने रोहित का, विनोद द्विवेदी ने तारा का, बबलू पांडे कौमिक कलाकार, सुरेंद्र सिंह आवारा ने व्यास का, तबला वादक में अनिल सिंह, आर्गन में विमल फतेहपुर, नाल वादक में चंदन सिंह, नृतक में बिट्टू रानी के द्वारा नाटक का मंचन किया गया मार्मिक नाटक देख श्रद्धालु भाव विभोर हो गए। मधुबन में साधु संतों की चिमटो की आवाज गूंजती रही और जहां देखो वहीं घूनी जमाये बैठे रहे