क्रासरःजैविक पद्धति से तैयार किए जाएंगे 30 डेमो फार्म
क्रासरःश्रमिक भारती व सीएफएलआई ने कराया आयोजन
बांदा। श्रमिक भारती व सीएफएलआई द्वारा जनपद के बड़ोखर खुर्द ब्लाक में महिला किसानों के साथ जैविक खेती पर ‘‘जलवायु अनुकूल कृषि पद्धतियां’’ परियोजना के अंतर्गत कार्य किया जा रहा है। जिसमें बामदेव नेचुरल फार्मिंग प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड की शेयर धारक महिलाएं जैविक खेती द्वारा डेमो फार्म बना रही हैं। इसके लिए उन्हें संस्था द्वारा हस्तचलित कृषि यंत्रों का वितरण किया गया।
मंगलवार को खड़ोखर खुर्द स्थित कार्यालय में किसान महिलाओं का प्रशिक्षण हुआ। परियोजना समन्वयक इमरान अली ने कहा कि कृषि क्षेत्र में महिलाएं परंपरागत ढंग से जुताई, बीज बुवाई, फसल सिंचाई, निराई-गुड़ाई, खरपतवार और फसल कटाई जैसे अनेक कार्यों में अग्रिम भूमिका निभाती है। ऐसे में महिलाएं जैविक खेती में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं। एफपीओ से जुड़ी 30 महिला किसानों के खेतों में डेमो फार्म तैयार किए जा रहे हैं। इन महिला किसानों को श्रमिक भारती व सीएफएलआई द्वारा जैविक खाद बनाने के लिए सामग्री व कृषि कार्य में उपयोग होने वाले हस्तचलित यंत्रों का वितरण किया गया।
सीईओ मनोज यादव ने कहा कि खेती की लागत कम करने और किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से बामदेव किसान उत्पादक संगठन बनाया गया है। रासायनिक खादों के उपयोग से मिट्टी के सूक्ष्म जीव नष्ट हो रहे हैं। इससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति कम हो रही है। रासायनिक खादों के लगातार इस्तेमाल से लोगों में गंभीर बीमारियां भी बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि जैविक पद्धति से खेती करके मिट्टी की उर्वरा शक्ति को बढ़ाया जा सकता है।
इस मौके पर चिंगारी संगठन की जिला संयोजिका मुबीना खान, जितेंद्र गुप्ता, वेद प्रकाश, पूनम त्रिवेदी, राजेंद्र कुमार सहित महिला किसान फूल कुमारी, शिव कुमारी, रामदेवी, लक्ष्मी देवी, माया राजपूत, मालती अवस्थी, उमा देवी, जय तिवारी, शिव प्यारी, आशा देवी, रिंकी सिंह, रोशनी देवी, सखी कुशवाहा इत्यादि मौजूद रहीं।