वाराणसी। बिजली चोरों को भी एकमुश्त समाधान योजना का लाभ दिया जाएगा। चोरी के मामले पकड़े गए कनेक्शनों के असेस्मेंट के बाद धनराशि का भुगतान करने के लिए ओटीएफ के तहत 30 फीसदी जमा कर पंजीकरण कराना है। हालांकि छूट के बावजूद लोगों में इसके प्रति रूझान नहीं दिख रहा। ऐसे में डिस्काम अब ऐसे बिजली चोरों के कनेक्शन काटने के साथ ही मुकदमा दर्ज कराने की तैयारी में है 30 नवंबर तक जिले में 116811 बिजली चोर चिह्नित किए गए थे। इसमें महज 9473 ने ही पंजीकरण कराया। वाराणसी के तीन सर्किल शहरी प्रथम, शहरी द्वितीय व ग्रामीण सर्किल में ऐसे 10828 मामले हैं। इनमें से प्रथम चरण में ओटीएफ का लाभ महज आठ फीसदी यानी 955 लोगों ने ही लिया है। जबकि बिजली निगम इस बार कनेक्शनधारकों के साथ ही बिजली चोरों को भी ओटीएस का लाभ दे रहा है
पूर्वांचल डिस्काम के प्रबंध निदेशक शंभू कुमार ने बताया कि योजना के लिए पंजीकरण न कराने वाले बिजली चोरों पर सख्ती की जाएगी। उनके कनेक्शन काटने के साथ ही मुकदमा भी कराया जाएगा।