प्रभु श्री राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा समारोह का निमंत्रण कबीर के घर प्राकट्य जन्म स्थली लहरतारा को निमंत्रण आया है । प्राकट्य स्थली के महंत गोविंद दास शास्त्री बताते हैं कि राम और कबीर का अटूट रिश्ता है कबीर साहब ने कहा है कि राम के नाम जपे जो प्राणी। निश्चय भक्त निवासा।। इस प्रकार हम कह सकते हैं कि जो राम की भक्ति करता है तो उसकी मुक्ति निश्चित है कबीर साहब ने राम की महिमा अनंत बताया है उन्होंने अपने अनेको वाणी में राम की महिमा का व्याख्यान किया है। राम का नाम में वह शक्ति है कि यदि हम सिर्फ र शब्द की उच्चारण कर ले तो हमारी मुक्ति हो जाता है पूरा राम की आवश्यकता नहीं होता है। कबीर साहब को उनके गुरु स्वामी रामानंद जी के द्वारा भी राम की ही दीक्षा मिला था । यह हम सभी के लिए सौभाग्य की बात है कि हमारे शक्ति के उपासक प्रभु श्री राम की राज्य अभिषेक का निमंत्रण मिला है। यह हमारे लिए गौरव की बात है ।