बांदा। बकरी को बचाने में किसान नाले में डूब गया। उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही धरवालो में कोहराम मच गया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मटौध थाना क्षेत्र के दुरेड़ी गांव निवासी 58 वर्षीय मुन्नीलाल पुत्र चुनबाद किसानी करता था। वह बुधवार को मवेशी चराने गया था। तभी गवाइन नाला में किसी की बकरी डूब रही थी। उसे बचाने के लिए मुन्नीलाल ने नाले मे छलांग लगा दिया। पानी के तेज बहाव में वह भी डूब गया। शाम को मवेशी घर पहुंच गए। मुन्नीलाल घर नही पहंुचा इस पर घरवालो ने उसकी खोजबीन बीन किया। नाले के पास देखा तो उसके कपड़े उतरे थे। इससे घरवालो ने नाले में डूबने की आशंका जताई। खोजबीन करते हुए रात अधिक हो गई थी। लेकिन उसका कुछ पता नही चला। गुरूवार की सुबह परिजन फिर से उसकी खोजबीन के लिए नाले पहुंच गए। घटना स्थल से सौ मीटर दूर उसका शव पेड़े की जड़ो में फसा था। घरवालो ने उसे पानी से बाहर निकाल लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। मृतक के पुत्र रामकिशन ने बताया कि वह किसानी करता था। उसके पास चार बीघा जमीन है। मृतक अपने पीछे पत्नी माया के अलावा दो पुत्र छोड़ गया है।