क्रासरःजनजातीय गौरव दिवस का हुआ समापन
बांदा। कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय, भारत सरकार के दिशानिर्देशन पर जन शिक्षण संस्थान, बांदा द्वारा जनजातीय गौरव दिवस के समापन के उपलक्ष्य में संविधान दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथि बोर्ड आफ मैनेजमेन्ट के उपाध्यक्ष अशोक कुमार त्रिपाठी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के शुभारम्भ में मुख्य अतिथि अशोक कुमार त्रिपाठी जी ने संविधान दिवस पर कहा कि भारत का संविधान विश्व का सबसे बडा संविधान है जिसको बनने में 2 साल 11 माह 18 दिन का समय लगा जो 26 नवम्बर 1949 को बनकर तैयार हुआ इसको बनाने में डा0 राजेन्द्र प्रसाद, डा0 भीमराव अम्बेडकर, सरदार बल्लभभाई पटेल, पंडित जवाहरलाल नेहरू, आदि लोगो ने संविधान को लिखने का काम किया लेकिन भारतीय संविधान को बनाने का प्रमुख काम डा0 भीमराव अम्बेडकर के द्वारा किया गया था यही कारण है कि उन्हें संविधान निर्माता भी कहा जाता है। संस्थान के निदेशक मो0 सलीम अख्तर ने बताया कि भारत का संविधान दुनिया का सबसे बडा संविधान है जिसमें 375 अनुच्छेद 08 अनुसूचित 22 भाग है लेकिन सबसे बडे दुख की बात यह है कि आज भारत के युवाओं को भारतीय संविधान का क्या महत्व है उसके बारे में बहुत ही कम जानकारी है जिसके कारण देश का भविष्य खतरे में है। संस्थान के वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी सौम्य खरे ने आयोजित संविधान दिवस कार्यक्रम के बारे में बताया कि हम भारत के लोग भारत को एक सम्पूर्ण प्रभुत्व सपन्न, समाजवादी पंथ निरपेक्ष लोक तंत्रात्मक गणराज्य बनाने के लिये तथा उसके समस्त नागरिकों को न्याय, समाजिक आर्थिक और राजनीतिक, विचार, अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतंत्रता, प्रतिष्ठा और अवसर की समता प्राप्त करने के लिये तथा उन सब में व्यक्ति की गरिमा और राष्ट्र की एकता और अखण्डता सुनिश्चित करने वाली वंधुता बढाने के लिये दृढ संकल्प होकर अपनी इस संविधान सभा मे आज तारीख 26 नवम्बर 1949 ई0 को एतद् द्वारा इस संविधान को अंगीकृत, आधीयनियमित और आत्मार्पित करते ह,ै प्रस्तावना की शपथ दिलायी। लेखाकार श्री लक्ष्मीकान्त दीक्षित जी ने भारतीय संविधान की विशेषता बतलाते हुये बताया कि संविधान में मौलिक अधिकार अमेरिका के संविधान से लिया गया हमारे नीति निर्देशक तत्व आयरलैण्ड के संविधान से राज्य की समवर्ती सूची कनाडा के संविधान से लेकर एक लिखित संविधान बनाया गया जो विश्व के सभी देशो के संविधान से हमारे देश का संविधान सर्वश्रेष्ठ है। कार्यक्रम अधिकारी संजय कुमार पाण्डेय द्वारा बताया गया कि भारत का संविधान लोकप्रिय जनता द्वारा अन्तिम प्रशक्ति है और 26 नवम्बर 1950 को देश को समर्पित करते है संविधान का उलंघन न हो इसके लिये सुप्रीमकोर्ट की स्थापना की गई है 26 नवम्बर 2015 के बाद संविधान दिवस किस तरह से जागरूक करेगा हम जानते है गणराज्य लोकतंत्र सफलता है उसको जानना जरूरी है। कार्यक्रम के अन्त में वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी द्वारा 15 नवम्बर 2023 से चल रहे जनजातीय गौरव दिवस के कार्यक्रमों की श्रंखला के समापन की घोषणा की गयी। मुख्य अतिथि एवं निदेशक द्वारा पूर्व प्रशिक्षित प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण पत्र वितरण भी किया गया। संस्थान के सहा0 कार्यक्रम अधिकारी मंयक सिंह, मनोज कुमार, अनुदेशिका अतीका बेगम, कु0 आतिया रहमान, सहित 50 प्रतिभागी उपस्थित रहे।