क्रासरःपुलिस ने नहीं दर्ज की रिपोर्ट, डांटकर भगाया
क्रासरः‘जन संवाद’ कार्यक्रम में सामने आए कई मामले
क्रासरःमानवाधिकार कार्यकर्ता, पत्रकार व अधिवक्ताओं ने दी कानूनी सलाह
बांदा। मेरे बेटे व बेटी को मजदूरी कराने के लिए पिछले माह एक जुलाई को हमीरपुर जिले के मझगवा थानांतर्गत मलेहटा गांव ले गए। वहां 17 जुलाई की रात को खाने के बाद पुत्री के साथ छेड़छाड़ करते हुए अश्लील हरकत करने लगे। पुत्र रमेश उर्फ रामबाबू ने विरोध किया तो छत ले जाकर लात घूंसों से पीट पीटकर हत्या कर दी और शव को छत से फेंक दिया। पुत्री को नशीला पदार्थ खिलाकर बेहोश कर दिया। सुबह बेटी की आंख खुली तो रमेश को मृत पाया। संबंधित थाने में रिपोर्ट दर्ज करने के बजाए उसे डांटकर भगा दिया गया। यह गंभीर मामला अतर्रा ग्रामीण क्षेत्र के सदल सिंह का पुरवा की रहने वाली फूला देवी ने अतर्रा स्थिति विद्याधाम समिति परिसर में रविवार को आयोजित ‘जन संवाद’ कार्यक्रम में भावुक होकर रखा।
मानवाधिकार कार्यकर्ता मेहा खंडूरी (दिल्ली) ने कहा इस मामले में पुलिस अधीक्षक हमीरपुर से मिलें। अगर वहां एफआईआर दर्ज नहीं की जा रही तो मंडल मुख्यालय में पुलिस महानिरीक्षक से मिलें। मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराएं। मानवाधिकार व राज्य महिला आयोग में भी प्रार्थना पत्र दिया जा सकता है। इस प्रक्रिया के बाद पुलिस को इस गंभीर मामले की रिपोर्ट दर्ज करनी पडे़गी। वरिष्ठ पत्रकार भारत डोगरा (दिल्ली) ने कहा कि यह बहुत ही संवेदनशील मामला है। अब तक इसमें एफआईआर दर्ज न होना पुलिस विभाग की उदासीनता को दर्शाता है। मजबूती के साथ अपनी लड़ाई को लड़ें। इन गंभीर मामलों में वह पूरा सहयोग प्रदान करेंगे।
सोशल एक्टिविस्ट गुफरान अहमद (फैजाबाद) व वरिष्ठ अधिवक्ता संतोष सिंह (हाईकोर्ट) ने कहा कि स्थानीय प्रशासन से मिलकर मामले का निस्तारण करवाने का प्रयास करें। इसके बाद भी कार्रवाई न हो तो अदालत की शरण में जाकर प्रार्थना पत्र देकर 156 (3) के तहत मुकदमा दर्ज करवा सकते हैं। अधिवक्ता अमर सिंह राठौर, द्वारकेश मंडेला व शिवकुमार मिश्रा और रोटी बैंक अध्यक्ष रिजवान अली ने भी मामलों को सुनकर सुझाव व सहयोग का भरोसा दिलाया।
जन संवाद कार्यक्रम में श्यामा (माचा, तिंदवारी), जयपाल (पहाड़पुर), गुलाब राजपूत (नेढुवा, नरैनी), सुनील (बछैड़ा, नरैनी), राजकरन (करहुली, बबेरू) राजाराम गौतम (शिवपुरी, अतर्रा), शिव विलास, उदिनवा, राममिलन, सुखदेव (माड़ी पुरवा, बल्लान), सागर (राजाराम का पुरवा, महुआ), लालमणि त्रिपाठी (अतर्रा ग्रामीण), विजय बहादुर (अतर्रा) और भोला (पहरा, चित्रकूट) आदि ने हत्या, पट्टा विवाद, मजदूरी भुगतान न किए जाने से संबंधित मामलों के जरिए रखा। मंचासीन सामाजिक कार्यकर्ताओं ने निस्तारण के लिए रणनीति बनाकर हर संभव सहयोग का बात कही।
कार्यक्रम की शुरूआत दीप प्रज्वलन से की गई। पर्यावरण का संदेश देते हुए अतिथियों को पौधे देकर स्वागत किया गया। मुबीना, अर्चना व शशि ने प्रार्थना व गीतों से लोगों को प्रेरित किया। संचालन समिति मंत्री राजाभइया ने किया।
इस मौके पर संगीताचार्य लल्लूराम शुक्ल, प्रधान कमलेश कुमार निगम (अतर्रा ग्रामीण), साकेत बिहारी मिश्र, माता दयाल, कुबेर सिंह, शिव कुमार गर्ग, इमरान अली, अमन यादव, सतेंद्र गर्ग, कलावती, रीना, कृतिका, मोहम्मद शमीम, मुबीन, राजेश सहित खम्हौरा, मसुरी, खेरवा, नौगवां, गुढ़ा, बल्लान सहित कई गांवों के लोग शामिल रहे।