मौदहा, हमीरपुर। जनपद हमीरपुर पुलिस द्वारा अपराधियों को सजा दिलाने के लिए चलाए जा रहे ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते हत्या के एक मामले में न्यायालय ने दो अभियुक्तों को दोषसिद्ध करते हुए सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों पर 30-30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
पुलिस के मुताबिक यह मामला थाना मौदहा में पंजीकृत मुकदमा अपराध संख्या 266/2016, धारा 302 भादंसं से संबंधित है। मामले में पुलिस द्वारा विवेचना पूरी करते हुए अभियुक्तों के विरुद्ध उपलब्ध साक्ष्यों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। इसके बाद अभियोजन पक्ष की ओर से लगातार प्रभावी पैरवी की गई, जिसके परिणामस्वरूप न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों को दोषी माना।
माननीय न्यायालय एडीजे प्रथम, जनपद हमीरपुर द्वारा मामले में अभियुक्त भगवानदीन पुत्र मंगी एवं राजेन्द्र पुत्र भगवानदीन, निवासीगण ग्राम सिजनीड़ा, थाना मौदहा, जनपद हमीरपुर को दोषसिद्ध करते हुए सश्रम आजीवन कारावास तथा 30-30 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान का उद्देश्य गंभीर अपराधों में गुणवत्तापूर्ण विवेचना, मजबूत साक्ष्य संकलन और प्रभावी अभियोजन पैरवी के माध्यम से दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाना है। इसी क्रम में हमीरपुर पुलिस द्वारा पुराने एवं गंभीर आपराधिक मामलों में लगातार पैरवी की जा रही है।
इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी क्रिमिनल सुभाष कुमार श्रीवास्तव ने प्रभावी पैरवी की। वहीं विवेचक के रूप में निरीक्षक घनश्याम पाण्डेय ने मामले की विवेचना की। थाना मौदहा की ओर से का0 प्रदीप भार्गव पैरोकार रहे।
हमीरपुर पुलिस ने इस कार्रवाई को प्रभावी अभियोजन एवं न्यायालय में मजबूत पैरवी की सफलता बताते हुए कहा कि गंभीर अपराधों में दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने के लिए पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।